यदि विदेश यात्रा, विदेश में नौकरी, पढ़ाई, व्यापार, वीजा या PR के लिए प्रयास करने पर बार-बार रुकावट आ रही हो, फाइल आगे नहीं बढ़ रही हो या विदेश जाने के योग बनकर भी बाधा आ रही हो, तो ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार राहु, केतु, शनि, बुध और गुरु ग्रह से संबंधित उपाय किए जाते हैं। इसके साथ हनुमान जी, गणेश जी और अपने इष्ट देव की उपासना भी श्रद्धापूर्वक की जा सकती है।
राहु की बाधा दूर करने के उपाय
काले तिल और कंबल का दान: शनिवार के दिन किसी जरूरतमंद व्यक्ति को काले तिल और काला कंबल दान करें। यह राहु से संबंधित पारंपरिक उपाय माना जाता है।
43 तांबे के सिक्के या कोयले का उपाय: राहु की बाधा दूर करने के लिए 43 तांबे के सिक्के या कोयले के छोटे टुकड़े बहते हुए स्वच्छ जल में प्रवाहित करने की परंपरा बताई जाती है।
चांदी का टुकड़ा: अपने पास चांदी का छोटा चौकोर टुकड़ा या चांदी का सिक्का रखने का उपाय भी पारंपरिक रूप से किया जाता है।
शनि और केतु की बाधा दूर करने के उपाय
काले कुत्ते को भोजन: शनिवार के दिन काले कुत्ते को मीठी रोटी या भोजन खिलाएं। इसे शनि और केतु से संबंधित पारंपरिक उपाय माना जाता है।
साबुत बादाम का मंदिर उपाय: यदि विदेश यात्रा या वीजा की फाइल आगे नहीं बढ़ रही हो, तो शनिवार के दिन दो साबुत बादाम लेकर शिव मंदिर जाएं। दोनों बादाम भगवान शिव के सामने रखकर अपनी विदेश यात्रा की प्रार्थना करें। पूजा के बाद एक बादाम वापस घर लाकर सुरक्षित स्थान पर रखें।
बुध ग्रह को मजबूत करने के उपाय
बुध को ज्योतिषीय परंपरा में बुद्धि, संचार, दस्तावेज और कागजी कार्यों से जोड़ा जाता है।
हरा चारा और हरी मूंग: बुधवार के दिन गाय को हरा चारा खिलाएं तथा हरी मूंग का दान करें।
गणेश जी की पूजा: बुधवार के दिन भगवान गणेश को दूर्वा अर्पित करें और श्रद्धापूर्वक पूजा करें।
मंत्र:
ॐ गं गणपतये नमः।
गुरु ग्रह को मजबूत करने के उपाय
गुरु ग्रह को ज्योतिषीय मान्यता में ज्ञान, भाग्य, मार्गदर्शन और शुभ अवसरों से जोड़ा जाता है।
- गुरुवार के दिन भगवान विष्णु या गुरु देव की पूजा करें।
- चने की दाल, हल्दी या कोई पीली वस्तु जरूरतमंद व्यक्ति को दान करें।
- प्रातः माथे पर केसर या हल्दी का तिलक लगाएं।
गुरु मंत्र:
ॐ बृं बृहस्पतये नमः।
इस मंत्र का 108 बार जाप किया जा सकता है।
विदेश या लंबी यात्रा के लिए हनुमान जी का उपाय
मंगलवार या शनिवार के दिन हनुमान जी पर श्रद्धानुसार चोला चढ़ाएं। मंदिर के पंडित से परंपरा के अनुसार हनुमान जी पर लगाए जाने वाले सिंदूर का थोड़ा प्रसाद प्राप्त कर सकते हैं।
हनुमान मंदिर में बैठकर कम से कम 11 बार हनुमान चालीसा का पाठ करें और विदेश यात्रा में आ रही बाधाओं को दूर करने की प्रार्थना करें।
नारियल का विशेष उपाय
एक नारियल लें और उसे घर के मंदिर में कुछ दिन रखा रहने दें। इसके बाद नारियल को अपने सिर के ऊपर से सात बार उतारें और मंदिर में ले जाएं।
भगवान के सामने अपनी विदेश यात्रा की इच्छा और मनोकामना प्रकट करें तथा नारियल भगवान को अर्पित करें।
यह उपाय पारंपरिक धार्मिक मान्यता के अनुसार किया जाता है।
पांच लाल फूल और चांदी की पोटली का उपाय
सफेद कपड़े में पांच लाल फूल, चांदी का छोटा टुकड़ा, थोड़ा गुड़ और चावल लें और इसकी पोटली बना लें।
इसके बाद कम से कम 108 बार गायत्री मंत्र का जाप करें और मंत्र के अंत में अपनी विदेश यात्रा की मनोकामना रखें।
गायत्री मंत्र:
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि धियो यो नः प्रचोदयात्॥
पारंपरिक विधि में इस पोटली को बहते हुए स्वच्छ जल में प्रवाहित करने की बात कही जाती है। ऐसा करते समय स्थानीय पर्यावरण नियमों का ध्यान रखें।
विदेश यात्रा करके आए व्यक्ति का रुमाल
पारंपरिक मान्यता के अनुसार जो व्यक्ति विदेश यात्रा करके आया हो, उससे उसका रुमाल लेकर अपने पास रखने का उपाय भी बताया जाता है।
ध्यान रखें कि इस कपड़े का उपयोग न करें, केवल अपने पास रखें।
सफेद तिल और गुड़ का उपाय
सफेद तिल और थोड़ा गुड़ लें। सूर्यास्त के समय इसे मिट्टी के कुल्हड़ में रखें और कुल्हड़ को पीपल के स्वयं गिरे हुए पत्ते से ढक दें।
पारंपरिक मान्यता के अनुसार इसे करने के बाद वापस आते समय पीछे मुड़कर नहीं देखना चाहिए।
घर आकर स्नान करें। स्नान के पानी में थोड़ा शुद्ध केसर मिलाने की परंपरा भी बताई जाती है।
यह उपाय महीने में एक बार किया जा सकता है।
विदेश यात्रा के लिए सूर्य उपाय
प्रातःकाल स्नान करके तांबे के पात्र से सूर्य देव को जल अर्पित करें। जल अर्पित करते समय अपनी मनोकामना रखें और विदेश यात्रा में आने वाली उचित बाधाओं को दूर करने की प्रार्थना करें।
प्रतिदिन आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करें
रविवार के दिन जरूरतमंद व्यक्ति को गुड़ या गेहूं का दान भी किया जा सकता है।
शनि राहु केतु के बीज मंत्र के जाप
शनि बीज मंत्र:
ॐ प्रां प्रीं प्रौं सः शनैश्चराय नमः॥
राहु बीज मंत्र:
ॐ भ्रां भ्रीं भ्रौं सः राहवे नमः
केतु बीज मंत्र
ॐ स्रां स्रीं स्रौं सः केतवे नमः॥
जप विधि:
इन बीज मंत्रों का प्रतिदिन 108-108 बार जप करना चाहिए।
विशेष ज्योतिषीय उपाय
- प्रतिदिन प्रातः अपने इष्ट देव का स्मरण करें।
- घर के पूजा स्थान को स्वच्छ रखें और नियमित दीपक जलाएं।
- विदेश यात्रा से संबंधित सभी दस्तावेज व्यवस्थित एवं सुरक्षित रखें।
- आवेदन, पासपोर्ट, वीजा या अन्य दस्तावेजों में किसी प्रकार की गलत जानकारी न दें।
- महत्वपूर्ण कार्य शुरू करने से पहले भगवान गणेश का स्मरण करें।
- अपनी सामर्थ्य के अनुसार जरूरतमंद व्यक्ति को भोजन या आवश्यक वस्तु का दान करें।
विशेष प्रार्थना
हे ईश्वर, मेरी विदेश यात्रा, नौकरी, पढ़ाई, व्यापार एवं अन्य उचित प्रयासों में आने वाली बाधाओं को दूर करें। मेरे दस्तावेजों और प्रयासों में सफलता प्रदान करें तथा मेरे लिए उचित और शुभ अवसर के द्वार खोलें।
महत्वपूर्ण सावधानी
ज्योतिष, लाल किताब, मंत्र और धार्मिक उपाय पारंपरिक मान्यताओं पर आधारित हैं। इनके परिणाम की निश्चित गारंटी नहीं दी जा सकती। वीजा, पासपोर्ट, PR अथवा विदेश यात्रा के लिए संबंधित देश के आधिकारिक नियमों और निर्धारित प्रक्रिया का पालन करना आवश्यक है। किसी भी आवेदन में गलत जानकारी या नकली दस्तावेज का प्रयोग न करें।